भूस्खलन का जवानों पर बरसा कहर, आर्मी के 55 जवान मिट्टी में दबे, अब तक 6 शव बरामद
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30 जून 2022

मणिपुर। पूर्वोत्तर राज्य मणिपुर में बुधवार रात लगातार बारिश के कारण 50 से अधिक प्रादेशिक सेना के जवान आम लोगों के साथ भूस्खलन की चपेट में आ गए. घटना तुपुल रेलवे स्टेशन के पास हुई. अब तक छह लोगों के शव निकाले जा चुके हैं, जबकि कई लोग मलबे में दबे हुए हैं.

बड़े पैमाने पर मलबा गिरने के कारण इजेई नदी अवरुद्ध हो गई है, जिससे एक जलाशय बन गया है, जो निचले इलाकों को जलमग्न कर सकता है. नोनी के उपायुक्त की ओर से जारी एक एडवाइजरी में कहा गया है कि टुपुल यार्ड रेलवे निर्माण शिविर में दुर्भाग्यपूर्ण भूस्खलन के कारण 50 से अधिक लोग मलबे में दब गए हैं.

जबकि छह लोगों के शव बरामद कर लिए गए हैं. इजेई नदी का प्रवाह भी मलबे से बाधित हो गया है, जिससे भंडारण की स्थिति में गड़बड़ी होने पर नोनी जिला मुख्यालय के निचले इलाकों में तबाही मच गई है.

जानकारी के अनुसार जिरीबाम को इंफाल से जोड़ने के लिए एक रेलवे लाइन का निर्माण किया जा रहा था, जिसकी सुरक्षा के लिए 107 प्रादेशिक सेना के जवानों को तैनात किया गया था. बुधवार की रात भीषण भूस्खलन हुआ था, जिसमें कई युवा दब गए.

गुरुवार सुबह सेना, असम राइफल्स, मणिपुर पुलिस की ओर से बड़े पैमाने पर बचाव अभियान शुरू किया गया, जिसमें साइट पर उपलब्ध इंजीनियरिंग उपकरणों का भी उपयोग किया जा रहा है.

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