ग्राम जंगलपुर में शहीद पूर्णानंद साहू को जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं ग्रामवासियों ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी
त्वरित खबरे - शहीद पूर्णानंद साहू को मरणोपरांत उनके अदम्य साहस एवं वीरता के लिए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शौर्य चक्र से किया सम्मानित

जिला जनसंपर्क कार्यालय, राजनांदगांव (छत्तीसगढ़)

समाचार

-

- ग्राम जंगलपुर में शहीद  पूर्णानंद साहू को जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं ग्रामवासियों ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी

- शहीद के पिता  लक्ष्मण साहू एवं माता श्रीमती उर्मिला बाई साहू के जंगलपुर वापस आने पर गौरवमय क्षण में जिला प्रशासन एवं ग्रामवासियों द्वारा किया गया हार्दिक अभिनंदन

- भारत माता के जयकारे से गूंज उठा जंगलपुर

- अपनी जान की परवाह न करते हुए  पूर्णानंद साहू ने अंतिम सांस तक जाबांजी से नक्सलियों से लिया लोहा

राजनांदगांव 03/ जून / 2022। जिले के ग्राम जंगलपुर निवासी सीआरपीएफ के कोबरा बटालियन के आरक्षक शहीद  पूर्णानंद साहू को मरणोपरांत उनके अदम्य साहस एवं वीरता के लिए राष्ट्रपति श्री रामनाथ कोविंद ने शौर्य चक्र से सम्मानित किया। ग्राम जंगलपुर में आज शहीद  पूर्णानंद साहू को जिला प्रशासन के अधिकारियों एवं ग्रामवासियों ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। शहीद  पूर्णानंद साहू के पिता  लक्ष्मण साहू एवं माता श्रीमती उर्मिला बाई साहू के जंगलपुर वापस आने पर इस गौरवमय क्षण में जिला प्रशासन एवं ग्रामवासियों द्वारा उनका हार्दिक अभिनंदन किया गया। अपर कलेक्टर  सीएल मारकण्डेय एवं एसडीएम  हितेश पिस्दा ने शहीद  पूर्णानंद साहू को पुष्पचक्र अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। भारत माता के जयकारे से जंगलपुर गूंज उठा। इस अवसर पर शहीद  पूर्णानंद साहू के चाचा  प्रकाश साहू, बहन सुश्री ओनिषा साहू, श्रीमती डुमेश्वरी साहू, भाई  निलेश साहू एवं एसडीओपी अजीत ओगरे, लालबाग थाना प्रभारी  जितेन्द्र वर्मा एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

उल्लेखनीय है कि 10 फरवरी 2020 को बीजापुर के पामेड़ थाना के ग्राम ईरापल्ली में क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियान हेतु सीआरपीएफ के 204 कोबरा बटालियन के जवान निकली थी। पार्टी सर्चिंग करते आगे गढ़ रही थी कि हथियारबंद नक्सलियों द्वारा आटोमेटिक हथियार से अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी गई। सीआरपीएफ के 204 कोबरा बटालियन के आरक्षक  पूर्णानंद साहू ने अपनी जान की परवाह न करते हुए नक्सलियों पर फायरिंग की और नक्सलियों के फायरिंग का मुंहतोड़ जवाब दिया। गंभीर रूप से जख्मी हो जाने के बाद भी  पूर्णानंद साहू ने अंतिम सांस तक बड़ी जाबांजी से नक्सलियों के फायरिंग का जवाब देते रहे। नक्सली अपने आपको कमजोर पड़ता देख कर भाग खड़े हुये। मुठभेड़ घटना में सीआरपीएफ कोबरा बटालियन 204 के आरक्षक  पूर्णानंद साहू सहित 2 जवान शहीद हो गये एवं 4 अधिकारी-कर्मचारी घायल हो गये। शहीद  पूर्णानंद साहू द्वारा वीरता का परिचय देते हुए बहादुरी पूर्वक दुश्मनों से लड़ते हुये देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए।

YOUR REACTION?

Facebook Conversations