दुर्ग में दिल दहला देने वाली वारदात: बेटे ने डंडे से हमला कर मां को उतारा मौत के घाट

त्वरित खबरें :अरुण रिपोर्टिंग

दुर्ग ,जिले के जेवरा-सिरसा चौकी क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक बेटे ने मामूली विवाद में अपनी ही मां की पीट-पीटकर हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि आरोपी अपनी मां द्वारा खाना नहीं बनाए जाने से नाराज था। गुस्से में उसने घर में रखे डंडे से मां पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी बेटे अश्वनी पटेल को गिरफ्तार कर लिया है।

मृतका की पहचान 50 वर्षीय सरस्वती पटेल के रूप में हुई है। वह शारीरिक रूप से दिव्यांग थीं और अपने बेटे अश्वनी पटेल के साथ जेवरा-सिरसा क्षेत्र में रहती थीं। घटना शनिवार रात की बताई जा रही है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद इलाके में दहशत और शोक का माहौल है।

मामले की जानकारी तब सामने आई जब मनीष पटेल ने चौकी पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी बुआ सरस्वती पटेल की किसी अज्ञात व्यक्ति ने ठोस वस्तु से हमला कर हत्या कर दी है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। शुरुआती जांच में पुलिस को मामला संदिग्ध लगा, जिसके बाद मृतका के बेटे अश्वनी पटेल से पूछताछ की गई।

पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने पुलिस को बताया कि घटना वाले दिन उसकी मां ने उसके लिए खाना नहीं बनाया था। इसी बात को लेकर वह गुस्से में आ गया। विवाद इतना बढ़ गया कि उसने पास में रखा डंडा उठाकर मां पर हमला कर दिया। आरोपी ने सरस्वती पटेल के सिर, माथे, दोनों हाथों, छाती और पेट पर लगातार वार किए। गंभीर चोट लगने के कारण महिला की मौत हो गई।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हत्या के बाद आरोपी ने मामले को छिपाने की भी कोशिश की, लेकिन पुलिस की सख्त पूछताछ में वह टूट गया और पूरी घटना स्वीकार कर ली। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।

पुलिस प्रवक्ता और एएसपी ग्रामीण मणिशंकर चंद्रा ने बताया कि मृतका के शव का पोस्टमार्टम चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज में कराया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।

यह घटना समाज में बढ़ती घरेलू हिंसा और गुस्से पर नियंत्रण न रख पाने की गंभीर समस्या को भी उजागर करती है। मामूली बात पर मां जैसे रिश्ते की हत्या ने हर किसी को स्तब्ध कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरस्वती पटेल शांत स्वभाव की महिला थीं और शारीरिक रूप से दिव्यांग होने के बावजूद परिवार की जिम्मेदारियां निभा रही थीं।

फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।