दुर्ग में ग्रामीणों ने कुछ लोगों पर जबरदस्ती धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाया है। नंदनी थाना क्षेत्र के ओटेबंद गांव रविवार-सोमवार की देर रात लगभग 45 से अधिक की संख्या में ईसाई समाज के लोग पहुंचे थे। उनके पास बड़ी संख्या मं बाइबिल व ईसाई धर्म से जुड़ी अन्य किताबें व दस्तावेज थे। लोगों का आरोप है कि वह गांव के कुछ लोगों पर दबाव बनाकर धर्म परिवर्तन करा रहे थे। इसके बाद देखते ही देखते वहां पूरा गांव इकट्ठा हो गया। बजरंग दल और हिंदू परिषद, भाजपा और शिवसेना के लोग पहुंच गए और मिशनरियों को घेरकर नारेबाजी करने लगे। घटना स्थल पर पहुंचकर नंदिनी पुलिस सभी दस्तावेज जब्त कर मिशनरियों को थाने ले गई। पुलिस ने अनिल टंडन व अन्य के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।
नंदिनी पुलिस के मुताबिक धमधा ब्लॉक के ओटेबंद गांव में बीती रविवार-सोमवार रात जमकर हंगामा हुआ। यहां ग्रामीणों व हिंदू परिषद, बजरंग दल, शिवसेना और भाजपा के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने ईसाईयों द्वारा विशेष प्रार्थना सभा करने को लेकर जमकर हंगामा किया। आनन फानन में नंदिनी पुलिस वहां पहुंची।
ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि ओटेबंद में रायपुर सहित कई जगहों से लगभग 45 से जयदा ईसाई बच्चे, पुरुष और महिलाएं पहुंचे हैं। उनके द्वारा गांव के भाटापारा इलाके में विशेष सभा का आयोजन किया गया है। जब इसकी जानकारी होने पर वहां ग्रामीण पहुंचे तो उन्होंने मिशनरियों से गांव में आने का कारण पूछा। इस पर सभी गोलमोल जवाब देने लगे। कुछ ने विशेष प्रार्थना सभा की बात कही तो कुछ ने अन्य कारण बताया। उनके अलग-अलग जवाब देने से ग्रामीण आक्रोशित हो गए और हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने मामले की शिकायत नंदिनी पुलिस से की। सूचना मिलते ही नंदिनी थाना प्रभारी अपने स्टाफ के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने मिशनरियों से पूछताछ की और उसके बाद 2 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया। सही जवाब नहीं देने की वजह से ग्रामीणों ने उन पर धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाया है।
उधार में रकम देकर लालच देते हैं
बताया जा रहा है कि मिशनरी अपने साथ काफी संख्या में बाइबिल व अन्य धर्म से जुड़े दस्तावेज लेकर पहुंचे थे। पुलिस ने उनके पास से यह सभी दस्तावेज जब्त किया है। पता चल है कि उनके पास कुछ ऐसे भी दस्तावेज मिले हैं, जिसमें ग्रामीणों को दिए गए उधार रकम का जिक्र था। ग्रामीणों का आरोप है कि मिशनरी इसी तरह गरीब लोगों को उधार रकम देते हैं और उन्हें अन्य लालच देकर धर्म परिवर्तन करने के लिए मजबूर करते हैं।