दुर्ग। पुलिस विभाग में सरकारी नौकरी लगाने के नाम पर ₹14 लाख से अधिक की धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को स्मृतिनगर पुलिस ने रायपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने महिला के पति को चालक और उसके भाई को आरक्षक के पद पर पुलिस विभाग में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर अलग-अलग समय में कुल ₹14,00,001 की राशि ली थी।
नौकरी का झांसा देकर ऐंठे 14 लाख
पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2024 में आरोपी तोपचंद धनकर ने प्रार्थीया के पति अश्वनी कुमार ध्रुवे को चालक और उसके भाई रितेश ठाकुर को आरक्षक के पद पर नौकरी लगाने का भरोसा दिलाया था। इसके बाद आरोपी ने नौकरी दिलाने के नाम पर अलग-अलग समय में कुल ₹14,00,001 की रकम प्राप्त की। नौकरी नहीं लगने पर महिला ने 26 अगस्त 2026 को स्मृतिनगर पुलिस चौकी में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर चौकी स्मृतिनगर, थाना सुपेला में अपराध क्रमांक 1255/2026 के तहत धारा 318(4) बीएनएस में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
रायपुर में दबिश देकर पकड़ा आरोपी
विवेचना के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी तोपचंद धनकर के खिलाफ थाना नेवई में पहले से धोखाधड़ी का मामला दर्ज है। साथ ही उसके खिलाफ दो स्थाई वारंट भी जारी थे, जिसके चलते वह लगातार फरार चल रहा था।
स्मृतिनगर पुलिस ने आरोपी की तलाश तेज करते हुए उसके संभावित ठिकाने की जानकारी जुटाई। इसके बाद पुलिस टीम ने साहिल किराना स्टोर्स, शिव मंदिर के पास, उरला, रायपुर में दबिश देकर आरोपी को अभिरक्षा में लिया।
मोबाइल और दस्तावेज जब्त
पूछताछ में आरोपी द्वारा घटना में संलिप्तता स्वीकार किए जाने के बाद पुलिस ने घटना में प्रयुक्त एक मोबाइल फोन और संबंधित दस्तावेज जब्त किए। आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर उसके खिलाफ जारी स्थाई वारंटों की तामीली की गई। इसके बाद उसे वर्तमान मामले में न्यायिक रिमांड के लिए न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
नौकरी लगाने का झांसा देकर करता था ठगी
पुलिस के अनुसार, आरोपी लोगों का विश्वास हासिल कर उन्हें पुलिस विभाग में चालक और आरक्षक के पद पर सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देता था। इसके बाद नौकरी लगवाने के नाम पर अलग-अलग समय में रकम वसूल करता था। इसी तरीके से आरोपी ने पीड़ित परिवार से कुल ₹14,00,001 की राशि ली।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि सरकारी नौकरी या किसी अन्य नियुक्ति का झांसा देकर यदि कोई व्यक्ति पैसों की मांग करता है, तो बिना सत्यापन के उसे राशि न दें। नौकरी लगाने के नाम पर पैसे मांगने वाले व्यक्तियों की जानकारी तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस को दें, ताकि ऐसे मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जा सके।