राज्य में औद्योगिक विकास को नई दिशा देने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए सीएसआईडीसी ने जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क परियोजना को हरी झंडी दे दी है। करीब 11 वर्षों से लंबित इस महत्वाकांक्षी परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद राज्य देश का चौथा जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क विकसित करने वाला प्रदेश बन जाएगा।
जानकारी के मुताबिक, इस पार्क का उद्देश्य रत्न और आभूषण उद्योग से जुड़े कारोबारियों, कारीगरों और निवेशकों को एक ही परिसर में आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। परियोजना के तहत अत्याधुनिक उत्पादन इकाइयों के साथ डिजाइनिंग सेंटर, प्रशिक्षण संस्थान, प्रदर्शनी क्षेत्र, परीक्षण प्रयोगशालाएं और निर्यात सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
इस परियोजना की खास बात यह होगी कि यहां वेडिंग मॉल की भी सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। वेडिंग मॉल में शादी से जुड़े आभूषण, परिधान, सजावट, उपहार और अन्य सेवाएं एक ही स्थान पर मिल सकेंगी। इससे उपभोक्ताओं को बेहतर अनुभव मिलने के साथ कारोबारियों को भी नया बाजार उपलब्ध होगा।
अधिकारियों के अनुसार, जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क के विकसित होने से राज्य में निवेश को बढ़ावा मिलेगा और हजारों लोगों के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे। विशेष रूप से पारंपरिक कारीगरों और स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षण देकर उन्हें उद्योग से जोड़ने की योजना बनाई गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना राज्य को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय जेम्स एंड ज्वेलरी बाजार में नई पहचान दिलाने में मदद करेगी। साथ ही इससे निर्यात बढ़ाने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में भी अहम योगदान मिलेगा।
सीएसआईडीसी की मंजूरी के बाद अब परियोजना के लिए भूमि विकास, आधारभूत ढांचे के निर्माण और निवेशकों को आकर्षित करने की प्रक्रिया तेज की जाएगी। सरकार को उम्मीद है कि आने वाले वर्षों में यह पार्क प्रदेश के औद्योगिक विकास का प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा।