रायगढ़ जेल में विचाराधीन बंदी की संदिग्ध मौत, परिजनों ने लगाया लापरवाही और प्रताड़ना का आरोप

त्वरित ख़बरें : ज़ाफ़रान खान रिपोर्टिंग

रायगढ़ जेल में एक विचाराधीन बंदी की मौत का मामला सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। इस घटना ने न केवल जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि पुलिस और संबंधित अधिकारियों की भूमिका को लेकर भी गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं। मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया है कि बंदी को जेल के अंदर लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था और उसकी तबीयत बिगड़ने के बावजूद समय पर उचित इलाज नहीं दिया गया। परिजनों का कहना है कि यदि समय रहते चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती, तो उसकी जान बचाई जा सकती थी।

बताया जा रहा है कि बंदी किसी मामले में विचाराधीन था और उसे कुछ समय पहले ही रायगढ़ जिला जेल में रखा गया था। अचानक उसकी तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई, जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम को लेकर कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं। परिजन इसे सामान्य मौत मानने को तैयार नहीं हैं और उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका आरोप है कि जेल के अंदर बंदी के साथ मारपीट की गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ी और अंततः उसकी मौत हो गई।

वहीं, जेल प्रशासन और पुलिस का कहना है कि बंदी की मौत प्राकृतिक कारणों या बीमारी के चलते हुई हो सकती है। अधिकारियों ने मामले की जांच कराने और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट जानकारी देने की बात कही है। इसके साथ ही, प्रशासन ने यह भी आश्वासन दिया है कि यदि किसी प्रकार की लापरवाही या दोष सामने आता है, तो संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों में भी आक्रोश देखा जा रहा है। कई लोगों ने पारदर्शी जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल, पूरे मामले की जांच जारी है और सभी की नजरें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं, जो इस मौत के असली कारणों से पर्दा उठा सकती है।