पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिन को भाजपा सुशासन दिवस के रूप में मनाएंगी - शिव वर्मा

त्वरित ख़बरें - राजनादगांव संवाददाता

राजनांदगांव। जिला भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष व पार्षद दल के प्रवक्ता शिव वर्मा ने बताया कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिन को सुशासन दिवस के रूप में मनाएंगे। अटल बिहारी वाजपेयी (25 दिसंबर 1924 – 16 अगस्त 2018) भारत के तीन बार के प्रधानमंत्री थे। वे पहले 16 मई से 1 जून 1996 तक, तथा फिर 1998 मे और फिर19 मार्च 1999 से 22 मई 2004 तक भारत के प्रधानमंत्री रहे। वे हिंदी कवि, पत्रकार व एक प्रखर वक्ता थे।

श्री वर्मा ने आगे बताया कि भारत के पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की 97वीं जयंती है. अटल बिहारी वाजपेयी का जन्म 25 दिसंबर, 1924 को हुआ. 2014 से वाजपेयी जी की जयंती को हर साल सुशासन दिवस के रूप में मनाया जाता है. वह तीन बार देश के प्रधानमंत्री होने के अलावा हिंदी कवि, पत्रकार और प्रखर वक्ता भी थे. वह जनसंघ के संस्थापकों में से एक थे। वाजपेयी ने देश को अपने व्यवहार और  समावेशी नीति के जरिए ऐसे लोकतांत्रिक मानदंड स्थापित किए जिनकी मिसाल आज भी दी जाती है. उनका सुशासन का सिद्धांत भी प्रसिद्ध है. इसी वजह से वाजपेयी के सम्मान में ही हर साल 25 दिसंबर को सुशासन दिवस के रूप में मनाया जाता है. इस दिवस को मानना का उद्देश्य भारतवासियों को सरकार की लोगों के प्रति जिम्मेदारियों के लिए जागरूकता फैलाना है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिन को सुशासन दिवस के रूप में मनाने की अपील की है।