भिलाई निगम का बड़ा फैसला: 70 वार्डों के लिए नियुक्त हुए नोडल अधिकारी, समस्याओं का होगा त्वरित समाधान

त्वरित खबरें :अरुण रिपोर्टिंग

भिलाई ,शहर में अब नागरिक सुविधाओं को लेकर लोगों को बार-बार दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। नगर निगम भिलाई ने शहर की व्यवस्थाओं को बेहतर और जवाबदेह बनाने के लिए एक नई पहल शुरू की है। इसके तहत शहर के सभी 70 वार्डों के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। नगर निगम आयुक्त राजीव पांडेय द्वारा जारी इस आदेश को शहर की व्यवस्थाओं में सुधार की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद अब हर वार्ड की जिम्मेदारी एक तय अधिकारी के पास होगी, जिससे समस्याओं का समाधान तेजी से और अधिक जिम्मेदारी के साथ किए जाने की उम्मीद जताई जा रही है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार निगम प्रशासन ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे रोज सुबह 6 बजे से 8 बजे तक अपने-अपने वार्डों का निरीक्षण करें। इस दौरान अधिकारी सफाई व्यवस्था, पेयजल सप्लाई, नाली सफाई, स्ट्रीट लाइट, सड़क की स्थिति और कचरा उठाव जैसी मूलभूत सुविधाओं की निगरानी करेंगे। निरीक्षण के दौरान यदि कहीं कोई समस्या दिखाई देती है, तो मौके पर ही संबंधित कर्मचारियों को निर्देश देकर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इससे छोटी समस्याएं भी लंबे समय तक लंबित नहीं रहेंगी।

दरअसल, भिलाई शहर में पिछले लंबे समय से लोगों को सफाई, जलभराव, खराब स्ट्रीट लाइट, टूटी सड़कों और नियमित कचरा उठाव जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था। कई बार नागरिकों द्वारा शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का समय पर समाधान नहीं हो पाता था। इसकी सबसे बड़ी वजह यह मानी जा रही थी कि किसी एक अधिकारी की स्पष्ट जवाबदेही तय नहीं थी। परिणामस्वरूप कई काम फाइलों और विभागीय प्रक्रिया में अटक जाते थे।

शहर के कई इलाकों में गली-मोहल्लों की स्ट्रीट लाइट खराब होने से रात में अंधेरा पसरा रहता था, जिससे लोगों को असुरक्षा का डर बना रहता था। वहीं कुछ वार्डों में नालियों की सफाई नहीं होने से गंदगी और बदबू की समस्या बढ़ रही थी। पेयजल आपूर्ति में अनियमितता और खराब सड़कों को लेकर भी नागरिक लगातार नाराजगी जाहिर कर रहे थे। जनप्रतिनिधियों ने भी कई बार निगम प्रशासन के सामने इन मुद्दों को उठाया था।

अब नगर निगम की इस नई व्यवस्था से लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। हर वार्ड में अलग अधिकारी नियुक्त होने से नागरिक सीधे संबंधित अधिकारी से संपर्क कर सकेंगे और समस्याओं का जल्द समाधान संभव हो सकेगा। इससे निगम कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर भी निगरानी बढ़ेगी और लापरवाही की स्थिति में जिम्मेदारी तय करना आसान होगा।

नगर निगम प्रशासन का मानना है कि यह व्यवस्था शहर को साफ, व्यवस्थित और बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। यदि अधिकारी नियमित रूप से वार्डों का निरीक्षण करते हैं और समस्याओं का त्वरित समाधान करते हैं, तो आने वाले समय में भिलाई शहर की मूलभूत सुविधाओं में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है